Lok Sabha Election 2019 में तीन चरण की वोटिंग हो चुकी है। 4 चरणों का चुनाव होना शेष है। जिन जगहों पर वोटिंग हो चुकी हैं वहां विपक्षी प्रत्याशी EVM की सुरक्षा के मद्देनजर खासे चिंतित हैं। UP के मुजफ्फरनगर में वोटिंग के बाद से ही गठबंधन प्रत्याशी चौधरी अजीत सिंह के समर्थक लाठी-डंडे से लैस होकर स्ट्रांग रूम के बाहर “चौकीदारी” कर रहे हैं। समर्थकों का कहना है कि “सरकार की चौकीदारी” पर उन्हें भरोसा नहीं है इस लिए वे लोग अपने सामान की सुरक्षा खुद ही कर रहे हैं"। पहरा दे रहे लोगों ने देश के सभी जगहों पर विपक्षी प्रत्याशियों और उनके समर्थकों से अपील की है कि यदि “चुनाव जीतना है तो वोटों की गिनती तक EVM की “चौकीदारी” करनी होगी”।


YOGESH TRIPATHI


13 दिनों से विपक्ष दे रहा है पहरा


मुजफ्फरनगर लोकसभा का चुनाव पहले चरण में ही संपन्न हो गया था। यहां पर 11 अप्रैल को वोट डाले गए थे। वोटिंग प्रक्रिया खत्म होने के बाद शाम से ही चौधरी अजीत सिंह के समर्थक स्ट्रांग रूम के बाहर लाठी-डंडे से लैस होकर बैठ गए। यहां चुनाव के बाद EVM मशीन नई मंडी कुकड़ा में रखी गई हैं। यही नहीं बिजनौर लोकसभा के प्रत्याशी मलूक नागर की भी एक टीम यहां पहरेदारी कर रही है। बिजनौर सीट में आने वाले दो विधानसभा क्षेत्र इसी जनपद का हिस्सा हैं। 23 मई को मतगणना यहीं होगी।

रात और दिन की ड्यूटी के लिए बनी है टीम


वोटिंग प्रक्रिया के बाद से ही स्ट्रांग रूम के बाहर कई दर्जन से अधिक लोग जुटे हैं। युवाओं की ड्यूटी निर्धारित की गई है। रात और दिन के लिए अलग-अलग टीमें बनी हैं। यहां हुक्का, चारपाई और खाने की व्यवस्था प्रत्याशी की तरफ से की गई है। राष्ट्रीय लोकदल के जिला प्रेसीडेंट अजित राठी सुरक्षा देने वाली टीम को लीड कर रहे हैं। साथ ही साथ यहां पर बीएसपी और एसपी के कार्यकर्ता भी अपने समय पर आकर ड्यूटी देते हैं। यहां चौकीदारी कर रहे लोगों के मुताबिक उन्हें “सरकार की चौकीदारी” पर भरोसा नहीं है, इसलिए वे अपने सामान की खुद हिफाजत कर रहे हैं।

सड़क पर टेंट लगाकर गुड़गुड़ा रहे हैं हुक्का


जिस स्ट्रॉंग रूम में EVM मशीनों को रखा गया है उसके ठीक सामने सड़क की दूसरी तरफ पहरा दे रहे गठबंधन प्रत्याशी के समर्थकों ने अपना टेंट लगा रखा है। यहां पर बैठने वाले सभी “चौकीदार” हुक्का गुड़गुड़ाते रहते हैं। लोकदल के जिलाध्यक्ष अजीत राठी के मुताबिक वोटिंग वाले दिन जिला प्रशासन ने बीजीपी प्रत्याशी को फायदा पहुंचाने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि  “हम प्रशासन की नीयत को समझ गए हैं। वे चौधरी साहब (अजित सिंह) को हराना चाहते हैं जबकि उनके पक्ष में भारी मतदान हुआ है और वह चुनाव जीत गए हैं। अब मशीनों की गड़बड़ी से उन्हें हराया जा सकता है, इसलिए हम पहरा दे रहे हैं।”

BJP प्रत्याशी की हालत पतली


उल्लेखनीय है कि चौधरी अजित सिंह मुजफ्फरनगर से गठबंधन प्रत्याशी हैं। यहां पर उनकी सीधी फाइट बीजेपी के संजीव बालियान से है। संजीव बालियान 2014 में चार लाख मतों से चुनाव जीते थे, लेकिन इस बार विपक्ष की एकजुटता की वजह से उनकी हालत बेहद पतली नजर आ रही है।

 

 
Axact

Axact

Vestibulum bibendum felis sit amet dolor auctor molestie. In dignissim eget nibh id dapibus. Fusce et suscipit orci. Aliquam sit amet urna lorem. Duis eu imperdiet nunc, non imperdiet libero.

Post A Comment:

0 comments: